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100 _aRattu,Chand Nanak
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245 _aDr Ambedkar jeevan ke antim kuchh varsh
260 _aNew Delhi
_bKitabghar
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300 _a315p.
520 _aडाॅ. अम्बेदकर: जीवन के अंतिम कुछ वर्ष ’पुस्तक डाॅ. अम्बेदकर के जीवन के अनेक अनछुए पहलुओं का उद्घाटन करती है।इस देश के राजनीतिक चरित्र में गत कुछ वर्षों से उल्लेखनीय परिवर्तन आ रहा है।लोकतंत्र की अवधारणा और उसकी स्वीकृति ने समाज के उन वर्गों को भी देश की राजनीति में वह पहचान देनी प्रारंभ कर दी है, जिससे वे सदा वंचित रहे।जिसके संबंध में जब भी उन्होंने छोटे-मोटे प्रयास किए, वे बुरी तरह दुत्कार दिए गए।आज ऐसे वर्गों ने न केवल अपनी अस्मिता स्थापित की है, अपने आपको सत्ता का सक्रिय भागीदार भी बना लिया है। इन सभी उपलब्ध्यिों का बहुत बड़ा श्रेय डाॅ. बाबा साहेब अम्बेदकर की प्रतिभा और उनके जीवन पर्यंत के अथक प्रयसों को दिया जा सकता है। डाॅ. अम्बेदकर के अंतिम वर्ष एक ओर उनक जीवन के अत्यंत निर्णाय क वर्ष थे, दूसरी ओर उनके गिरते हुए स्वास्थ्य और उनके चारों ओर की संदेहात्मक स्थितियों की छाया भी उन वर्षों पर छाई हुई थी।इसलिए यह पुस्तक डाॅ. अम्बेदकर के जीवन का एक महत्वपूर्ण दस्तावेज बन गई है।
650 _aBiography
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